कोरोना वायरस
जमशेदपुर (जागरण संवाददाता)। घर आने की खुशी तो है किंतु अपनों से नहीं मिल पाने का गम भी। इससे गुस्सा है। पर, जो मजबूरी है, उससे वाकिफ हैं। पूरी तरह। यह सबकुछ नजर आया क्वारंटाइन सेंटर में रह रही महिलाओं में।लोयला क्वारंटाइन सेंटर के बाहर बहुत मिन्नत पर दिल्ली से आई बेटी से मां को मिलने तो दिया गया किंतु दूर से। मां-बेटी के दर्द आंखों ही आंखों में बयां हुए और कुछ बातचीत। इसके बाद बेटी सेंटर में चली गई और मायूस मां घर। लॉकडाउन के कारण मैं अपने घर जमशेदपुर नहीं आ सकी। इसका खामियाजा मुझे ऐसी चुकानी पड़ी कि यह जीवन भर मुझे याद रहेगा। यह कहना था दिल्ली से जमशेदपुर पहुंची एक छात्रा की। खाली हो गया हॉस्टल, पिंजरे के पंछी की तरह 40 दिन बिताया छात्रा ने बताया कि मैं दिल्ली के लक्ष्मीनगर में ही पीजी हॉस्टल में रह रही थी। सभी तो चले गए, लेकिन मैं हास्टल में अकेले ठहर गई। 40 दिन तक एक कमरे में पिंजरे के तोता के जैसे कैद थी। खाना के स्थान पर मैगी, चाऊमिन, फल आदि आधा पेट खाकर समय काट रही थी। जमशेदपुर में रह रहे मम्मी-पापा को पूरी स्थिति नहीं बताती थी। हालांकि जमशेदपुर पहुंचने पर सभी के परिजन लोयोला स्कूल के बाहर अपने बच्चो का एक झलक पाकर ही खुश नजर आ रहे थे।
किसी तरह हो पाती थी हॉस्टल में खाने-पीने की व्यवस्था
मैं गुड़गांव में रहकर पढ़ाई कर रही थी। जब लॉकडाउन लग गया तो वह घबरा गई। अफरा-तफरी का माहौल हो गया। मैं जमशेदपुर आने की कोशिश की, लेकिन फ्लाइट कैंसिल हो गई। कोशिश करने के बाद भी नहीं आ सकती थी, तब टेंशन हुई कि अब यहा सब कैसे मैनेज होगा। बाद में प्रशासन का आदेश आया कि जो जहां हैं वहीं रहेंगे। छात्रा कहती हैं कि हास्टल में 30-40 लोग रह रहे थे। शुरुआती दौर में तो इतनी परेशान हुई कि तीन दिनों तक मास्क ही नहीं मिला। जब मास्क मिला तब सैनिटाइजर की किल्लत हो गई। थोड़ी देर के लिए जरूरी सामान के लिए दुकानें खुलतीं थी, उसमें इतनी भीड़ की सामाना लेना मुश्किल हो गया। किसी तरह नाश्ता व एक टाइम का खाना खाकर बहुत ही कष्ट से अपना समय गुजारी।

More Stories
रविवार शाम झारखंड में जमशेदपुर के शास्त्रीनगर में दो समुदायों के बीच हुई नारेबाज़ी और पथराव के बाद हालात तनावपूर्ण- कौशिक वगाड़िया
झारखंड के चतरा में पुलिस मुठभेड़ में पांच नक्सली ढेर-
झारखंड में दरिंदगी की सारी हदें पार, महिला को निर्वस्त्र कर पूरे गांव में घुमाया, जूते चप्पलों से पीटा-