*क्लब का बार खुलने से क्लब विरोधी कार्य कर रहे लोगो के मुंह पर लगा तमाचा*
*पीएनयू क्लब को मिला बार का लाइसेंस*
*बार पुनः खुलने से कहीं खुशी तो कहीं गम का है माहौल*
*क्लब के सचिव डॉ. रितेश जायसवाल के प्रयास से खुला क्लब के बार*
*वाराणसी।* जनपद के विभिन्न क्लबो में शुमार एक है पीएनयू क्लब जो किसी न किसी कारण से हमेशा से ही सुर्खियों में रहा है, चाहे वह बात छोटी हो या बड़ी। जो जनपद की जनता के साथ ही अधिकारियों में भी चर्चा का विषय बना रहा है।
इन्ही सब के बीच एक ऐसा भी वाक्या हुआ जिससे पीएनयू क्लब फिर चर्चा में आ गया। जो यह था कि क्लब के ही एक सदस्य की शिकायत को संज्ञान में लेते हुए 3 दिसम्बर 2018 को एसीएम चतुर्थ के द्वारा क्लब का औचक निरीक्षण किया गया था, जिसमे कुछ अनियमितता के साथ ही समय के पूर्व क्लब का बार खुला हुआ पाया गया था। जिस पर एसीएम चतुर्थ क़े द्वारा क्लब के बार मे बिक्री पर रोक लगा दिया गया था।
जिसे लेकर क्लब के सम्मान के विपरीत कार्य करने वालो के खेमे में खुशी का माहौल व्याप्त हो गया, और इसे वो अपनी जीत मानकर देखने लगे। साथ ही क्लब में चल रही आपसी रार में भी अपना दबदबा कायम है ऐसा मानने लगे।
वहीं क्लब के प्रबंधक संजय खरे ने बताया कि संस्थान हित को देखते हुये क्लब के मानद सचिव डॉ. रितेश जायसवाल के द्वारा क्लब के बार को पुनः खुलवाने के लिये जिलाधिकारी वाराणसी के समक्ष लिखित अनुरोध किया गया। जिसे जिलाधिकारी के द्वारा संज्ञान लिया गया और 46 हजार रुपये परिसीमन शुल्क जमा कराकर क्लब के बार को पुनः खुलवाने का आदेश दिया गया। जिस पर मंगलवार से क्लब का बार पूर्व की भांति पुनः खोल दिया गया। जिससे क्लब के सदस्यों में खुशी का माहौल देखा गया।
वहीं दूसरी ओर क्लब विरोधी कार्य करने वाले लोग भी एक दूसरे को बधाई देते हुए नजर आये। वैसे मानद सचिव डॉ. रितेश जायसवाल के द्वारा किये गये इस सफलतापूर्ण कार्य से क्लब के सदस्यों व पदाधिकारियो के खेमे में खुशी का माहौल रहा तो वहीं क्लब विरोधी कार्य करने वाले लोगो के मुंह पर करारा तमाचा लगा होना भी स्पष्ट दिखाई पड़ रहा है। वहीं सूत्रों के अनुसार क्लब के कुछ अपने आपको मठाधीश समझने वाले लोग भी चट्टी चौराहों पर इस बात पर आपस मे बहस करते हुये देखे गए कि आखिर क्लब का बार खुला कैसे, क्लब का बार बन्द करवाने में कहीं कोई चूक तो नही हो गई।
खैर, अब देखना यह है कि आने वाले दिनों में क्लब किस बात को लेकर सुर्खियों में आता है या क्लब विरोधी कार्य करने वाले खेमे के लोग अब किस प्रकार से मानद सचिव डॉ. रितेश जायसवाल पर हमलावर होते है।

More Stories
Menang Mudah di BEJO88 Slot Gacor Hari Ini Deposit 5000
JABAR88 Situs Slot Gacor Maxwin Malam Ini Meledak Parah!
Rahasia Server Hoki QQ88 Slot Gacor Hari Ini Gampang Menang Max