June 21, 2026

31 मार्च, 2021 के पश्चात सी0डी0 लाइब्रेरी/चिप डाउन लोडिंग केन्द्र स्वामी/संचालक द्वारा अवैध रूप से संचालन पाए जाने पर सम्बन्धित के विरूद्व की जायेगी कार्यवाही- सुरेन्द्र कुमार

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31 मार्च, 2021 के पश्चात सी0डी0 लाइब्रेरी/चिप डाउन लोडिंग केन्द्र स्वामी/संचालक द्वारा अवैध रूप से संचालन पाए जाने पर सम्बन्धित के विरूद्व की जायेगी कार्यवाही

प्र0सहायक आयुक्त, वाणिज्य कर श्री अरविन्द वर्मा ने प्रेस विज्ञप्ति के माध्यम से बताया है कि उत्तर प्रदेष षासन द्वारा जारी अधिसूचना दिनांक 06 जनवरी, 2018 के माध्यम से उत्तर प्रदेष चलचित्र (वीडियो द्वारा प्रदर्षन का विनियमन) (पांचवां संषोधन), नियमावली-2018 के नियम-2(ख) द्वारा वीडियो लाइब्रेरी लाइसेंस परिभाशित किया गया है तथा नियम-18(2) के अन्तर्गत निर्धारित लाइसेंस षुल्क राजकोष में जमा करते हुए उत्तर प्रदेष चलचित्र (विनियमन) (संषोधन) अधिनियम-2017 की धारा-4-क (1) के अनुसार जिला मजिस्ट्रेट से लाइसेंस प्राप्त किया जाना अनिवार्य है।

अवगत कराना है कि जनहित गारंटी अधिनियम के अन्तर्गत ई-डिस्ट्रिक्ट के माध्यम से प्रदान की जाने वाली मनोरंजन कर की समस्त सेवाओं के साथ-साथ सी0डी0 लाइब्रेरी/चिप डाउन लोडिंग का आवेदन भी आॅनलाइन हो गया है। इस प्रक्रिया को आॅनलाइन किए जाने हेतु http://niveshmitra.up.nic.in के माध्यम से विभागीय वेब पोर्टल http://entertainmenttax.azurewebsites.net पर दिनांक 20.03.2021 से पूर्व आवेदन अपलोड करना होगा। उक्त हेतु आपकी आईडी पंजीयन होना अनिवार्य है ।

ज्ञातव्य हो कि आप द्वारा संचालित आमोद से सम्बन्धित विवरण/सूचना को उपरोक्त वेब पोर्टल के माध्यम से समस्त प्रविश्टियां अंकन करते हुए आई0डी0 तैयार/बनाई जा सकती है साथ ही सूच्य हो कि यदि पूर्व में किसी आमोद के स्वामी/संचालक/प्रबन्धक द्वारा उक्त पोर्टल पर अपनी आई0डी0 बना ली गयी है तो उनकी दूबारा बनाने की आवष्यकता नहीं है। निर्धारित षुल्क एवं समस्त आवेदन की छायाप्रति सहित दिनांक 20 मार्च, 2021 से पूर्व कार्यालय प्र0सहायक आयुक्त, वाणिज्य कर (पूर्व मनोरंजन कर) नई बिल्डिंग, कमरा नं0-13 महात्मा गांधी पार्क के पास, कलेक्ट्रेट, प्रयागराज में प्रस्तुत कर दें। ध्यान रहे यदि दिनांक 31.03.2021 के पष्चात कोई भी सी0डी0 लाइब्रेरी/चिप डाउन लोडिंग केन्द्र स्वामी/संचालक द्वारा अवैध रूप से संचालन पाए जाने पर सम्बन्धित के विरूद्व उ0प्र0 चलचित्र (विनियमन) अधिनियम-1955 की धारा-8 के अन्तर्गत दण्डात्मक कार्यवाही प्रस्तावित कर दी जायेगी। जिसका सम्पूर्ण उत्तरदायित्व स्वामी/संचालक का होगा।