कानपुर : 👆
कानपुर स्थित छत्रपति शाहू जी महाराज विश्वविद्यालय के कुलपति विनय पाठक का एक तानाशाही आदेश !
विश्वविद्यालय में स्ववित्तपोषित महाविद्यालयों के प्रबन्धकों के आने पर रोक !
जबकि विश्वविद्यालय से मान्य स्ववित्तपोषित महाविद्यालयों की संख्या हज़ारों में !
स्ववित्तपोषित महाविद्यालयों से वसूली के लिये बनाई एकल खिड़की !
विश्वविद्यालय की स्ववित्तपोषित महाविद्यालयों से अनाप – शनाप कमाई !
यदि निःस्वार्थ कार्य करना चाहते हैं कुलपति तो क्यों नहीं कर रहे डिजिटल व्यवस्था !
जिससे महाविद्यलयों के प्रबंधक / प्राचार्य / कर्मचारियों को विश्वविद्यालय के चक्कर न काटने पड़ें !

More Stories
यूपी विद्युत नियामक आयोग ने 8 मई को बुलाई बड़ी बैठक –
यूपी में 4 मई को होने वाले निकाय चुनाव के मतदान से पहले भारत-नेपाल की सीमा को किया जाएगा सील-
सीआईएसएफ की परीक्षा में पकड़े गए दो मुन्ना भाई-