November 3, 2026

धारा 34 की फाइल का निपटारा न होने से अधिवक्ता में रोष-

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*धारा 34 की फाइल का निपटारा न होने से अधिवक्ता में रोष*

 

*अधिवक्ताओं ने तहसीलदार कोट का किया बहिष्कार*

 

चायल, कौशाम्बी। स्थानीय तहसील के अधिवक्ताओं ने धारा 34 के फाइलों के आदेश का निपटारा समयानुसार न किए जाने का आरोप लगाते हुए तहसीलदार कोर्ट का बहिष्कार किया है। इतना ही नहीं आरोप लगाया कि अधिवक्ताओं से अभद्र व्यवहार भी किया जाता है।

अधिवक्ता योगेश मिश्र से अभद्र पूर्वक व्यवहार करने में तहसीलदार चायल द्वारा धारा 34 दाखिल खारिज की फाइलें एवं धारा 38 संशोधन की फाइलों में आदेश ना करना तथा विवादित पत्रवाली में आदेश फाइल सुरक्षित होने के बाद भी आदेश 6-6 माह तक न करना तथा उन्हीं पर पुनः सुनवाई में लगाना, इससे अधिकारियों से क्षुब्ध होकर तहसीलदार से मिलकर बात करने पर तहसीलदार द्वारा बार.बार यह कहा जा रहा है कि समय आभाव है सरकारी कार्य में व्यस्त हूं मुझे जब टाइम मिलेगा तब वादों का निपटारा करूंगी, चाहे 6 माह लगे चाहे एक साल लगे। इस प्रकरण को लेकर तहसील के अधिवक्ताओं में आक्रोश है, इस रवैये को लेकर अधिवक्ताओं ने एक आवश्यक बैठक करने के बाद समस्त अधिवक्ताओं ने यह निर्णय लिया कि जब तक विवादित धारा 34 के फाइले व आदेश में रखी वादी फाइल तथा इसकी फाइल में कंप्यूटरीकृत खतौनी में लिपटी त्रुटि होने की रिपोर्ट जाने के बाद तहसीलदार द्वारा नहीं किया जाता तब तक अधिवक्ता सामूहिक रूप से तहसीलदार कोर्ट का बहिष्कार करने का निर्णय लिया है।