मंत्री सतीश द्विवेदी के भाई अरुण कुमार के मामले में त्यागपत्र के बाद कुछ बड़े सवाल खड़े हो जातें हैं
क्या अनुमोदन की प्रत्याशा में त्याग पत्र स्वीकार किया जा सकता है ?
क्या अरुण द्विवेदी ने कार्यभार ग्रहण कर लिया था ?
बताया जा रहा है अरुण कुमार ने कार्यभार 21 मई को ग्रहण कर लिया था।
जानकारी और ज्ञात नियमों के अनुसार त्यागपत्र देने , उसके बाद उसकी पुष्टि कराने कि त्यागपत्र उसी व्यक्ति द्वारा दिया गया है आदि औपचारिकताओं के बाद सक्षम स्तर से ही स्वीकृत किया जाना चाहिए , तभी त्यागपत्र स्वीकृत कहा जा सकता है।





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