April 16, 2026

प्रोटोकॉल तोड़ शहीद परिवार से मिलीं रक्षा मंत्री

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जम्‍मू एवं कश्‍मीर के शोपियां जिले में नवंबर 2018 में आतंकवादियों से लोहा लेते वक्त जान कुर्बान करने वाले लांस नायक नजीर अहमद को शनिवार को गणतंत्र दिवस के मौके पर राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने मरणोपरांत अशोक चक्र से सम्मानित किया। लांस नायक की पत्नी और मां ने यह सम्मान ग्रहण किया, जो शांतिकाल में दिया जाने वाला सर्वोच्च वीरता पुरस्कार है। वानी अशोक चक्र पाने वाले पहले कश्मीरी जवान हैं
गणतंत्र दिवस समारोह के लिए वानी का परिवार शनिवार को राष्‍ट्रीय राजधानी में है, जहां वे शाम को राष्‍ट्रपति रामनाथ कोविंद की ओर से आयोजित ‘एट होम’ कार्यक्रम में भी शामिल हुए। यहां रक्षा मंत्री निर्मला सीतारमण प्रोटोकॉल तोड़कर उनसे मिलने पहुंचीं और उनका हालचाल पूछा। ‘एट होम’ के दौरान राष्‍ट्रपति कोविंद ने भी लांस नायक के परिवारवालों से मुलाकात की और उनका हालचाल पूछा।
भारतीय सेना की 162 इंफेंट्री बटालियन (प्रादेशिक सेना) से जुड़े वानी जम्मू एवं कश्मीर के कुलगाम में चेकी अश्मुजी के रहने वाले थे। वह पहले आतंकी गतिविधियों से जुड़े थे। बाद में उन्‍होंने मिसाल कायम करते हुए आतंकवाद का रास्‍ता छोड़ दिया और 2004 में सेना में शामिल हो गए। वह 25 नवंबर, 2018 को शोपियां के बाटगुंड के निकट हीरापुर गांव में आंतकवादियों के साथ मुठभेड़ में शहीद हो गए थे।