*आदिपुरुष फिल्म के खिलाफ प्रदर्शन*
*बजरंगबली के अपमान पर भड़की भारतीय अवाम पार्टी*
*फिल्म के कलाकारों एवं निर्देशक से आतंकी संबंधों की जाँच हो*
*आतंकी और आईएसआई भारत को तोड़ने के लिये ऐसे फिल्मों की फंडिंग करते है*
● भारतीय अवाम पार्टी ने फ़िल्म के निर्देशक समेत सभी कलाकारों को गिरफ्तार करने की मांग की।
● पुतला फूंककर कहा- नहीं चलने देंगे फ़िल्म।
वाराणसी, 6 अक्टूबर। बॉलीवुड ने आदिपुरुष फिल्म बनाकर फिर से अभिव्यक्ति की आजादी और कला के नाम पर हिन्दू धर्म को अपमानित करने का काम किया है। भारत के सबसे बड़े आराध्य भगवान श्रीराम और हनुमानजी का गलत चित्र पेश कर बॉलीवुड ने घोर पाप और अक्षम्य अपराध किया है।
इससे नाराज भारतीय अवाम पार्टी ने आदिपुरुष फिल्म के निर्देशक और कलाकारों का पुतला लमही गेट पर फूंका। भारतीय अवाम पार्टी के नेताओं ने मुखालफत मार्च निकाल कर आदिपुरुष फ़िल्म के निर्देशक, प्रोड्यूसर और कलाकारों को चेतावनी दी कि अगर फिल्म रिलीज हुई तो पार्टी के कार्यकर्त्ता हर स्तर पर विरोध करेंगे और किसी कीमत पर फिल्म चलने नहीं देंगे। भारतीय अवाम पार्टी ने सबसे अपील किया कि सब इस फिल्म का विरोध करें और इसके कलाकारों के अन्य फिल्मों का भी विरोध करें।
इस अवसर पर भारतीय अवाम पार्टी की राष्ट्रीय अध्यक्ष नजमा परवीन ने कहा कि यह कोई भारतीय कैसे बर्दाश्त कर सकता है कि बॉलीवुड भगवान श्रीराम और हनुमानजी का अपमान करे और हम चुप रहें। आदिपुरुष फिल्म में भगवान के स्थापित चित्र से अलग चित्र दिखाकर हिन्दू धर्म को अपमानित किया गया है। फिल्म के निर्देशक और कलाकारों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर जेल भेजना अनिवार्य करे सरकार। हर बार हिन्दू ही क्यों धैर्य रखे और बार-बार अपमानित हो। धार्मिक विद्वेष फैलाने और भगवान का अपमान करने के आरोप में इनको कड़ी सजा मिले ताकि दोबारा कोई इस तरह के पाप करने का साहस न कर सके।
प्रदेश महासचिव अजय कुमार सिंह ने कहा कि बजरंगबली के अपमान पर केवल फिल्म पर प्रतिबंध से काम नहीं चलेगा। इसमें शामिल सभी कलाकारों और निर्माताओं की जांच हो। कहीं ये सभी के तार आतंकवादी जिहादियों से तो नहीं जुड़े हैं। जिहादियों का काम हिन्दू धर्म को अपमानित करना भी है। हो सकता है फिल्म के बहाने भारत में धार्मिक विद्वेष फैलाकर दंगा कराने की साजिश हो, इस फिल्म में पैसा आतंकवादी संगठनों का लगा हो।
जिलाध्यक्ष ओम प्रकाश पाण्डेय ने कहा कि फिल्म को चलने तो नहीं देंगे, इसके किसी कलाकारों को बनारस में प्रवेश भी नहीं करने देंगे। बॉलीवुड ने हिन्दू देवी देवताओं को अपमानित करने का चलन बना लिया है। इससे धार्मिक भावनाएँ कभी भी भड़क सकती हैं।
जिला उपाध्यक्ष राजकुमार राजू ने कहा कि दलित बिरादरी के लोग सबसे ज्यादा हनुमानजी की अराधना करते हैं। इसलिये दलितों को नीचा दिखाने के लिये आदिपुरूष फिल्म में हनुमानजी का अपमान किया गया है।
सुभाषवादी नेता नाजनीन अंसारी ने कहा कि दाऊद के तुकड़े पर पलने वाला बॉलीवुड पाकिस्तानी आईएसआई का मुखौटा है। इसलिये ये सब भारतीय संस्कृति को अपमानित करने का काम कर रहे हैं।
आदिपुरूष फिल्म के खिलाफ प्रदर्शन में राजीव कुमार गिरी, सूरज चौधरी, पूजा खोसला, पुनीत खोसला, ए०के० यादव, दिलीप कुमार, मोनी खान, सुनीता श्रीवास्तव, पूनम श्रीवास्तव, मैना देवी, रमता श्रीवास्तव, प्रभावती, पार्वती, शीला, नगीना, रीता, धनेसरा, बेचना, ममता, अंजु, धनंजय यादव, तबरेज भारतवंशी आदि लोग शामिल रहे।


More Stories
Mengenal Karakter dan Elemen Lokal Rujak Bonanza
Cara Melihat Tren Performa Klub dari Data Pertandingan: Jangan Cuma Lihat Menang atau Kalah
15 Ciri Pengguna Narkoba Dilihat dari Kondisi Fisik