November 28, 2021

*शारदा घोटाले की तर्ज पर काशी में घोटाले की तैयारी*

Spread the love

वाराणसी। पश्चिम बंगाल की चिटफंड कंपनी शारदा ग्रुप की तर्ज पर काशी में भी जनता की गाढ़ी कमाई को डकारने का कुचक्र रचा जा रहा है। पीएम मोदी के संसदीय क्षेत्र में एक मामला ऐसा ही प्रकाश में आया है। जहां उपहार स्वरूप लाखों रुपये की छूट एक कंपनी द्वारा दिया जा रहा है। हम आपको ऐसी ही एक कंपनी के कारनामों से जनता को गुमराह होने से बचाने के लिए रूबरू करवा रहे हैं, जो कहीं न कहीं होने वाले बड़े आर्थिक घोटाले की ओर इशारा करते हैं।

बताते चलें कि काशी के वरुणापार इलाके में एक कंपनी इंफ्रास्ट्रक्चर का कारोबार चला रही है। उसको एक नज़र देख कर तो ऐसा ही लगता है कि शहर में कोई बड़ा आर्थिक घोटाला होने वाला है। वाराणसी में हजारो और लाखो का मुफ्त उपहार देने वाली इस रीयल स्टेट कंपनी की जानकारी ‘काशीवार्ता’ प्रातिनिधि ने जब अपने स्तर से की तो कई चौंकाने वाले तथ्य सामने आए। कंपनी लाखो की छूट पर ग्राहकों को कर देने के साथ ही स्कूटर वो भी मात्र 32 हजार में और बाइक मात्र 52 हजार में देने का दावा कर रही है। हमने अपनी जानकारी को पुख्ता करने का प्रयास किया तो हमारा शक और भी गहरा हो गया। थोड़े से प्रयास में कंपनी के प्रतिनिधि से टेलीफोन पर सम्पर्क कर जे.पी.मेहता इंटर कालेज के पास सुजुकी शोरूम की बिल्डिंग के बेसमेंट में इस कंपनी का कार्यालय में पंहुचे। जहां कंपनी के वाइस प्रेसिडेंट की पत्नी और उनके सहयोगी ने बताया कि हम गाडियों को उस कीमत पर आपको प्रदान कर रहे है जिस कीमत पर कंपनी भी आपको नही दे सकती है।
ऐसा दावा करने वाली कंपनी पर मौजूदा हालात को देखते हुए शक होना लाजिमी है। क्योंकि जिन कंपनियों की कार या बाइक देने की बात ये कर रहै हैं, उसके द्वारा इस दावे की पुष्टि कहीं से नही हो रही है। कंपनियों के अधिकारियो ने नाम न छापने की शर्त के साथ कहा कि हमारी कीमतों में इतना फर्क नही हो सकता है। कार्पोरेट समझौते के तहत 8-10 प्रतिशत की छूट अधिक मात्रा में लेने पर मिल सकती है। मगर इतने अधिक दामो में अंतर संभव नही है। वाहन कंपनियों के इस बात की पुष्टि इंफ्रास्ट्रक्चर कंपनी ने करते हुए कहा कि वाहन कम्पनिया हमको इतना छूट नही देती हैं। अपने ग्राहकों को छूट देने का मकसद बताते हुए कहा कि कंपनी की तरफ से एसवीसी नाम से कूपन लाया गया था, जो बिट कॉइन की तरह काम करता था।आरबीआई के द्वारा इसको प्रतिबंधित किये जाने के बाद हम उस कूपन को उसकी मौजूदा कीमत से आधे में अपने ग्राहकों को दे रहे हैं। जिससे ग्राहकों को छूट का लाभ मिल रहा है।
अब प्रश्न यह उठता है कि जब आरबीआई ने बिट क्वाइन को बैन कर दिया तो उस कूपन की कीमत ही शून्य हो गई। इसका मतलब जो कूपन कंपनी अपने ग्राहकों से खरीद रही है वह सीधे -सीधे एक बड़े घोटाले की ओर इशारा कर रहा है जो जाँच का केंद्र हो सकता है। कंपनी के द्वारा अन्य कई स्कीम ऐसी चलाई जा रही है जो नियमो और कानून के दृष्टि में अपराध के श्रेणी में आता है।

*ऐसे मिलेंगे सस्ते वाहन*

स्कार्पियो एस 3 गाड़ी जिसकी कीमत लगभग दस लाख से अधिक है उसे यह कंपनी मात्र 6 लाख में देने का दावा के साथ ही आल्टो 800 जैसी कार मात्र एक लाख 90 हजार में देने का दावा किया कंपनी द्वारा किया जा रहा है। रॉयल इनफिल्ड 350 सीसी जिसकी एक्स शो-रूम कीमत लगभग एक लाख 33 हजार है इस कंपनी के माध्यम से मात्र एक लाख, ज्यूपिटर स्कूटर जिसकी एक्स शोरूम कीमत लगभग 53 हजार वह मात्र 32 हजार में, पल्सर 150 सीसी जिसकी कीमत लगभग 79 हजार मात्र 52 हजार में देने को ये कंपनी तैयार है।