मझवार गांव में हुए दोहरे हत्याकांड में नया मोड़

Spread the love

उमरीबेगमगंज गोंडा गत 3 अप्रैल की शाम परास मझवार गांव में हुए दोहरे हत्याकांड में नया मोड़ आ गया उमरी पुलिस हत्यारों को बचाने में जुट गई है आरोपियों के तरफ से ग्राम प्रधान शैल कुमारी की तहरीर पर मृतक लाठी सिंह के छोटे भाई समेत 11 लोगों के खिलाफ हत्या के प्रयास का मुकदमा दर्ज किया है मृतक लाठी सिंह के छोटे भाई अजय कुमार सिंह बब्लू ने प्रेस विज्ञप्ति जारी कर पुलिस पर प्रताड़ित करने का आरोप लगाते हुए मुख्यमंत्री से न्याय की गुहार लगाई है अब सवाल यह है कि घटना के बाद गिरफ्तार किए गए आरोपियों को मेडिकल परीक्षण के बाद जेल भेजा गया था और उस समय लोगों के शरीर में कोई चोट नहीं आई थी इसके बाद 14 दिन बाद दो लोगों को जिला अस्पताल भेजकर मेडिकल परीक्षण करवाने की मंशा पर भी सवालिया निशान लग रहे हैं 14 दिन बाद हुए मेडिकल में दो लोगों के शरीर में छर्रा लगने की बात कही गई है ऐसे में यदि जेल भेजे जाते समय आरोपियों के शरीर पर जख्मों के कोई निशान नहीं थे तो फिर 14 दिन बाद कहां से आ गए क्या इन्हें जेल में घुसकर गोली मारी गई या फिर पुलिस द्वारा बनाई गई मनगढ़ंत कहानी किसके इशारे पर यह सब हो रहा इस बात की भी चर्चा जोरों पर है पुलिस प्रशासन की ये मनगढ़ंत कहानी किसी के गले नहीं उतर रही है मामला एक बार फिर से सुर्खियों में हैं और पुलिस की कार्यशैली पर सवालिया निशान लगने लगे है। : मुख्यमंत्री से की शिकायत परास गांव में हुए दोहरे हत्याकांड मामले में लाठी सिंह के छोटे भाई अजय सिंह बबलू ने मुख्यमंत्री से शिकायत की है उन्होंने पुलिस पर हत्यारोपी तुम को बचाने का आरोप लगाते हुए वादी पक्ष को प्रताड़ित करने की बात कही है प्रेस विज्ञप्ति के माध्यम से बबलू सिंह ने बताया कि उमरी थाना अध्यक्ष अतुल चतुर्वेदी ने छोटा हिल चश्मदीदों को बयान के लिए बुलाया था और अब इन लोगों का कहीं अता पता नहीं चल पा रहा है पुलिस द्वारा इनको अनजान जगह पर बंधक बनाकर हत्यारोपी तो के पक्ष में बयान दिलाने के लिए प्रताड़ित किया जा रहा है मामला मुख्यमंत्री के संज्ञान में होने के नाते पीड़ित ने एक बार फिर से मुख्यमंत्री से न्याय की गुहार लगाई है
: 3 अप्रैल की शाम को हुए दोहरा हत्याकांड में एक बार जेल जाते समय आरोपियों का मेडिकल परीक्षण कराया गया उस समय सब कुछ सामान्य था लेकिन 14 दिन बाद अचानक फिर से जेल में रहते हुए चोटे कहां से आ गई और मेडिकल परीक्षण करवाने की आवश्यकता क्यों पड़ी और मेडिकल हुआ भी तो उसी समय मुकदमा क्यों नहीं लिखा गया अब करीब डेढ़ माह बाद ग्राम प्रधान शैल कुमारी सिंह की तहरीर पर पीड़ित पक्ष के 11 लोगों के खिलाफ उमरी थाने में मुकदमा दर्ज किया जाना चर्चा का विषय है
: ग्राम प्रधान परास मझवार शैल कुमारी की तहरीर पर 11 लोगों के खिलाफ हत्या के प्रयास सहित अन्य धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया जिसमें देवेंद्र प्रताप सिंह उर्फ पप्पू बीडीसी व चंद्र मोहन यादव को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया बाकी अन्य फरार चल रहे हैं जिनका नाम गोपनीय रखा जाएगा — अतुल चतुर्वेदी थानाध्यक्ष उमरीबेगमगंज

Leave a Reply