July 14, 2024

केंद्रीय मंत्री अनुप्रिया पटेल के खिलाफ कांग्रेस प्रत्याशी ललितेशपति त्रिपाठी का प्रचार करेगी मां कृष्णा पटेल और बहन पल्लवी पटेल

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*मिर्जापुर। कांग्रेस से गठबंधन कर चुनाव मैदान में उतर रहे अपना दल की राष्ट्रीय अध्यक्ष कृष्णा पटेल गोंडा संसदीय सीट से चुनाव लड़ेंगी। इसके साथ ही पीलीभीत से पार्टी की प्रदेश अध्यक्ष और कृष्णा पटेल की दूसरे नंबर की बेटी पल्लवी पटेल के नाम पर सहमति बन चुकी है। दोनों उम्मीदवारों के नाम दो दिन के भीतर घोषित कर दिए जाएंगे। इसके साथ ही अपना दल ने तय कर लिया है कि उसके शीर्ष नेता और कार्यकर्ता अपना दल (सोनेलाल) की संरक्षक और केंद्रीय मंत्री अनुप्रिया पटेल के खिलाफ मिर्जापुर संसदीय क्षेत्र में कांग्रेस प्रत्याशी ललितेशपति त्रिपाठी के पक्ष में प्रचार करेंगे। भाजपा द्वारा अपना दल (एस) को दी जाने वाली दूसरी सीट पर भी अपना दल की रणनीति यही बनाई जा रही है। 2014 के चुनाव में अनुप्रिया ने मिर्जापुर से भाजपा के साथ लड़ा था। तब पूरी पार्टी एकजुट थी। बाद में विवाद बढ़ गए और मां-बेटी ने अलग-अलग दल बना लिया। गोंडा में फिलहाल, सपा-बसपा गठबंधन की ओर से पूर्व विधायक और पूर्व मंत्री विनोद सिंह उर्फ पंडित सिंह को प्रत्याशी घोषित किया जा चुका है, जबकि भाजपा से वर्तमान सांसद कीर्तिवर्धन सिंह के नाम की चर्चा है। कांग्रेस की टिकट के लिए यहां से कुतुबुद्दीन, पूर्व आईएएस राम बहादुर सिंह के अलावा लखनऊ विश्वविद्यालय के पूर्व छात्र नेता राजेश मिश्र राजन दावेदार थे। कांग्रेस ने यह सीट अपना दल को दे दी। कुर्मी, पटेल और यादव बिरादरी के जिले में करीब 27 फीसदी मतदाता है। सपा-बसपा गठबंधन को दलितों और मुस्लिमों पर भरोसा है तो कांग्रेस-अपना दल गठबंधन की प्रत्याशी कृष्णा पटेल पिछड़ी जातियों के संग सवर्णों के सहारे किस्मत आजमाएंगी।दूसरी ओर दो से ढाई लाख कुर्मी मतदाताओं वाली पीलीभीत सीट से पार्टी पल्लवी पटेल को चुनाव लड़ाने जा रही है। वर्तमान में केंद्रीय मंत्री मेनका गांधी यहां से सांसद हैं। मुख्यत: पूर्वांचल की पार्टी मानी जाने वाली अद पीलीभीत से पल्लवी को चुनाव लड़ाकर खुद को विस्तार देना चाहती है। माना जा रहा है कि लोकसभा चुनाव में पल्लवी को जो भी वोट मिलेंगे, 2022 के विधानसभा चुनाव में किसी भी दल से गठबंधन का मजबूत आधार बनेंगे। वैसे, कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी ने पूर्वांचल के दौरे में पल्लवी को महत्व देकर जताने की कोशिश की है कि लोकसभा चुनाव में दोनों दल अपनी पूरी ताकत लगा देंगे।*